विश्वकर्मा जयंती पर नगर पालिका में गूंजे पूजा के मंत्र
पार्षदों और कर्मचारियों ने विधि-विधान से किया पूजन, मशीनरी व वाहनों को तिलक लगाकर लिया सुरक्षित संचालन का संकल्प

नगर की स्वच्छता, निर्माण और नागरिक सुविधाओं में जुटे संसाधनों का हुआ सम्मान
नारायणपुर। भगवान विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर गुरुवार को नगर पालिका परिषद नारायणपुर परिसर में श्रद्धा और विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की गई। नगर पालिका के जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और कर्मचारियों ने भगवान विश्वकर्मा का पूजन कर नगर की सुख-समृद्धि, विकास और नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की कामना की।

पूजा-अर्चना में नगर पालिका उपाध्यक्ष जय प्रकाश शर्मा, पार्षद संजय नंदी, संगीता जैन, सुदीप झा सहित मुख्य नगर पालिका अधिकारी रामचंद्र यादव एवं नगर पालिका के अधिकारी-कर्मचारी शामिल हुए। सभी ने विधिवत पूजा कर भगवान विश्वकर्मा का आशीर्वाद लिया।
मशीनरी और वाहनों का भी हुआ पूजन
विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर नगर पालिका द्वारा नगर की व्यवस्थाओं में उपयोग की जाने वाली मशीनरी और वाहनों को भी विशेष रूप से सजाकर पूजा-अर्चना की गई। सफाई, कचरा उठाने, नालियों की सफाई, निर्माण एवं रखरखाव, पेयजल व्यवस्था सहित विभिन्न नागरिक सेवाओं में उपयोग होने वाले वाहनों और उपकरणों का विधिवत पूजन किया गया।
कर्मचारियों ने मशीनरी और वाहनों के सुरक्षित संचालन के साथ नगरवासियों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने की कामना की।

स्वच्छता से लेकर निर्माण तक अहम भूमिका
नगर पालिका की रोजमर्रा की व्यवस्थाओं में मशीनरी और वाहनों की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। शहर की साफ-सफाई, कचरा परिवहन, नालियों की सफाई, निर्माण एवं रखरखाव जैसे कार्य इन्हीं संसाधनों के माध्यम से किए जाते हैं। ऐसे में विश्वकर्मा जयंती पर तकनीकी संसाधनों के पूजन की परंपरा का आयोजन में विशेष महत्व रहा।
मेहनत और कौशल की प्रेरणा का पर्व
कार्यक्रम के दौरान जनप्रतिनिधियों ने कहा कि भगवान विश्वकर्मा को निर्माण, शिल्प और तकनीकी कौशल का प्रतीक माना जाता है। उनका पूजन कार्य के प्रति समर्पण, मेहनत और कुशलता की प्रेरणा देता है। नगर की स्वच्छता, विकास और नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने में नगर पालिका के कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका है।
पूजा-अर्चना के दौरान अधिकारी, कर्मचारी और जनप्रतिनिधियों में उत्साह नजर आया। सभी ने मिलकर नगर की व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के लिए समन्वय के साथ कार्य करने का संकल्प लिया। पूजा के बाद श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।



