बारिश से पहले प्रशासन की बड़ी तैयारी, पहुंचविहीन गांवों में तीन माह का राशन पहुंचाया
39 उचित मूल्य दुकानों में जुलाई से सितंबर तक का खाद्यान्न अग्रिम भंडारित, बरसात में भी नहीं रुकेगा वितरण

कलेक्टर नम्रता जैन ने अधिकारियों को सौंपी जिम्मेदारी, दूरस्थ गांवों में राशन उपलब्धता पर रहेगी सतत निगरानी
नारायणपुर। मानसून के दौरान दुर्गम और पहुंचविहीन क्षेत्रों के लोगों को खाद्यान्न के लिए परेशानी का सामना न करना पड़े, इसके लिए जिला प्रशासन ने समय रहते बड़ी तैयारी पूरी कर ली है। जिले की 39 पहुंचविहीन शासकीय उचित मूल्य दुकानों में जुलाई से सितंबर माह तक के तीन माह का खाद्यान्न अग्रिम रूप से भंडारित कर दिया गया है। इससे बारिश के दौरान परिवहन व्यवस्था प्रभावित होने की स्थिति में भी राशन वितरण निर्बाध रूप से जारी रहेगा और हितग्राहियों को एकमुश्त खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा सकेगा।

बरसात से पहले पूरा हुआ शत-प्रतिशत भंडारण
खाद्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले की सभी 39 पहुंचविहीन शासकीय उचित मूल्य दुकानों में तीन माह के लिए खाद्यान्न का शत-प्रतिशत भंडारण पूरा कर लिया गया है। जिला प्रशासन का उद्देश्य है कि वर्षाकाल के दौरान दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों के किसी भी पात्र हितग्राही को राशन के लिए भटकना न पड़े।
कलेक्टर ने बनाई निगरानी व्यवस्था, अधिकारियों को सौंपी जिम्मेदारी
कलेक्टर श्रीमती नम्रता जैन ने खाद्यान्न के भौतिक सत्यापन, नियमित मॉनिटरिंग और दूरस्थ गांवों के राशन कार्डधारियों तक समय पर खाद्यान्न उपलब्ध कराने के लिए दुकानवार जिला अधिकारियों की ड्यूटी निर्धारित की है। संबंधित अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में पहुंचकर भंडारण और वितरण व्यवस्था का निरीक्षण कर रहे हैं तथा पूरी प्रक्रिया पर सतत निगरानी रखी जा रही है।
झारावाही में किया गया भौतिक सत्यापन
इसी क्रम में उपसंचालक पशु चिकित्सा सेवाएं डॉ. आर.के. पड़ौती ने ओरछा विकासखंड के पहुंचविहीन ग्राम झारावाही स्थित शासकीय उचित मूल्य दुकान का निरीक्षण किया। उन्होंने तीन माह के लिए भंडारित खाद्यान्न का भौतिक सत्यापन करते हुए भंडारण और वितरण संबंधी व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
दुर्गम गांवों तक समय पर पहुंचेगा खाद्यान्न
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि वर्षाकाल में सड़क और परिवहन व्यवस्था प्रभावित होने की संभावना को देखते हुए पहले से ही आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों के प्रत्येक पात्र हितग्राही को समय पर खाद्यान्न उपलब्ध हो तथा किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
बारिश से पहले प्रशासन की तैयारी
- 39 पहुंचविहीन उचित मूल्य दुकानों में अग्रिम भंडारण
- जुलाई से सितंबर तक का तीन माह का राशन पहुंचाया गया
- बरसात में भी नहीं रुकेगा खाद्यान्न वितरण
- कलेक्टर ने दुकानवार अधिकारियों की लगाई ड्यूटी
- भंडारण और वितरण व्यवस्था की होगी नियमित मॉनिटरिंग
- झारावाही सहित दूरस्थ गांवों में किया जा रहा भौतिक सत्यापन
अबूझमाड़ और अन्य दुर्गम क्षेत्रों में बारिश के दौरान राशन संकट की आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन की यह पहल हजारों हितग्राहियों के लिए राहत साबित होगी।




