आधी रात अबूझमाड़ पहुंचा भाजयुमो का काफिला, बदली तस्वीर देख बोले राहुल टिकरिया- नक्सलवाद पर निर्णायक प्रहार का दिख रहा असर
जहां कभी सूर्यास्त के बाद थम जाती थी आवाजाही, वहां रात 12:30 बजे अंदरूनी गांवों तक पहुंचे जनप्रतिनिधि

कुरुसनार, कुंदला, सोनपुर, कोहकामेटा और कच्चापाल का किया दौरा, सुरक्षा और विकास के बदले माहौल का लिया जायजा
नारायणपुर। देश के सबसे चुनौतीपूर्ण और लंबे समय तक नक्सल प्रभावित रहे अबूझमाड़ से गुरुवार देर रात एक ऐसी तस्वीर सामने आई, जिसे बदलते बस्तर और बदलते भारत की नई तस्वीर के रूप में देखा जा रहा है। भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष राहुल योगराज टिकरिया रात करीब 12.30 बजे अबूझमाड़ के अंदरूनी क्षेत्रों में पहुंचे और कुरुसनार, कुंदला, सोनपुर, कोहकामेटा तथा कच्चापाल जैसे गांवों का दौरा कर क्षेत्र में सुरक्षा और विकास के बदले हालात का अवलोकन किया।

राहुल टिकरिया ने कहा कि एक समय ऐसा था, जब अबूझमाड़ में सूर्यास्त के बाद सामान्य जनजीवन लगभग ठहर जाता था। भय और असुरक्षा के माहौल के कारण लोगों की आवाजाही सीमित हो जाती थी, लेकिन आज उसी क्षेत्र में आधी रात के बाद निर्भीक होकर पहुंचना इस बात का संकेत है कि नक्सलवाद के विरुद्ध चलाया जा रहा अभियान निर्णायक परिणामों की ओर बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की रणनीतिक पहल, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की प्रतिबद्धता तथा उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा के सतत प्रयासों के कारण समूचे देश सहित छत्तीसगढ़ से सशस्त्र नक्सलवाद के समूल उन्मूलन का संकल्प अब धरातल पर दिखाई देने लगा है।
सुरक्षा ही नहीं, विकास के हर मोर्चे पर दिख रहा बदलाव
भाजयुमो प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि अबूझमाड़ में परिवर्तन केवल सुरक्षा के क्षेत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि विकास के हर आयाम में इसकी झलक दिखाई दे रही है। जिन क्षेत्रों को कभी पहुंचविहीन और अलग-थलग माना जाता था, वहां अब सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, संचार और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की पहुंच लगातार बढ़ रही है। उन्होंने इसे स्थानीय जनता के बढ़ते विश्वास, सुरक्षा बलों के साहस और सरकार की विकासोन्मुखी नीतियों का परिणाम बताया।
भय की पहचान से निकलकर विश्वास और अवसरों की ओर बढ़ रहा अबूझमाड़
राहुल टिकरिया ने कहा कि अबूझमाड़ अब संघर्ष और भय की पहचान से निकलकर विश्वास, विकास और अवसरों की नई पहचान गढ़ रहा है। यह परिवर्तन केवल बस्तर या छत्तीसगढ़ तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के अंतिम छोर तक शांति, सुरक्षा और विकास पहुंचाने के राष्ट्रीय संकल्प का प्रतीक भी है।
दौरे के दौरान उनके साथ भाजयुमो प्रदेश महामंत्री कुणाल ठाकुर, भाजपा जिला मीडिया प्रभारी सुदीप झा, भाजयुमो जिलाध्यक्ष परमानंद नानु नाग, जिला महामंत्री दीपेंद्र भोयर, निलेश कौड़ों, मयंक जैन, उज्ज्वल सोनी, हेमंत भोई, सन्नी ठाकुर, अमित सेन, सुमित बेसरा, रोहित नेताम, मयंक बेसरा सहित अन्य पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
बदले हालात की तस्वीर बनी आधी रात का दौरा
अबूझमाड़, जो कभी सूर्यास्त के बाद सन्नाटे और भय का पर्याय माना जाता था, वहां आधी रात के बाद जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं का निर्भीक होकर अंदरूनी गांवों तक पहुंचना बदलते हालात की नई तस्वीर माना जा रहा है। इसे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होने और विकास की बढ़ती पहुंच के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।




