खेत से खबर तक… कृषि के हर हुनर में पारंगत हो रहे छात्र
लिंगो मुदियाल कृषि महाविद्यालय में व्यावहारिक प्रशिक्षण का अनूठा मॉडल, कृषि पत्रकारिता से लेकर वीडियो निर्माण और मंच संचालन तक सीख रहे विद्यार्थी

सिर्फ किताबों तक सीमित नहीं शिक्षा, नेतृत्व क्षमता और किसानों से संवाद की कला भी हो रही विकसित
नारायणपुर। बदलते दौर में कृषि शिक्षा अब केवल खेत और प्रयोगशाला तक सीमित नहीं रह गई है, बल्कि किसानों तक तकनीक पहुंचाने, प्रभावी संवाद स्थापित करने और आधुनिक संचार माध्यमों के उपयोग की दिशा में भी नए आयाम गढ़े जा रहे हैं। इसी सोच को साकार करते हुए लिंगो मुदियाल कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र, नारायणपुर में चतुर्थ वर्ष के विद्यार्थियों को व्यावहारिक एवं कौशल आधारित प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे वे भविष्य में न केवल बेहतर कृषि विशेषज्ञ बन सकें, बल्कि कृषि नवाचार और तकनीकी प्रसार के प्रभावी दूत भी साबित हों।

महाविद्यालय में संचालित मॉड्यूल कार्यक्रम के अंतर्गत छात्रा प्रीति सांगिले सहित सभी छात्र-छात्राओं को कृषि प्रसार एवं व्यवहार कौशल के विभिन्न आयामों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में प्रभावी संचार, तकनीक हस्तांतरण और नेतृत्व क्षमता का विकास करना है।
कृषि पत्रकारिता से सीख रहे संवाद की ताकत
महाविद्यालय की अधिष्ठाता एवं विषय शिक्षिका डॉ. रत्ना नशीने तथा सहायक विषय शिक्षिका सुश्री उमा साहू के मार्गदर्शन में संचालित इस कार्यक्रम के अंतर्गत “कृषि पत्रकारिता एवं व्यवहार कौशल” पाठ्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को कृषि प्रसार की आधुनिक विधियों से अवगत कराया जा रहा है।
इसके तहत छात्र-छात्राओं को कृषि समाचार लेखन, प्रेस विज्ञप्ति तैयार करना, सफलता की कहानियां लिखना, फोल्डर, लीफलेट, पैम्फलेट, बुलेटिन और पोस्टर निर्माण का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है, ताकि वे कृषि क्षेत्र की उपलब्धियों और तकनीकों को प्रभावी ढंग से किसानों तक पहुंचा सकें।
वीडियो एडिटिंग, सोशल मीडिया और न्यूज़ एंकरिंग भी सीख रहे विद्यार्थी
प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को प्रसार वीडियो निर्माण, वीडियो संपादन, जागरूकता अभियान संचालन और सोशल मीडिया के माध्यम से कृषि तकनीकों के प्रचार-प्रसार की जानकारी दी जा रही है। इसके अलावा विभिन्न ऑडियो-विजुअल माध्यमों के उपयोग का भी अभ्यास कराया जा रहा है।
छात्र-छात्राओं को प्रभावी न्यूज़ एंकरिंग, मंच संचालन, सार्वजनिक भाषण, समूह चर्चा और साक्षात्कार लेने की तकनीकों का प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है, जिससे उनमें आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता का विकास हो रहा है।
पर्यावरण संरक्षण का भी दे रहे संदेश
मॉड्यूल कार्यक्रम के दौरान छात्रा प्रीति सांगिले सहित अन्य विद्यार्थियों द्वारा महाविद्यालय परिसर एवं आसपास के खाली स्थानों में आम, जामुन, इमली तथा अन्य छायादार पौधों का रोपण भी किया जा रहा है। इस पहल से विद्यार्थियों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को बढ़ावा मिल रहा है।
अनुभवी वैज्ञानिकों का मिल रहा मार्गदर्शन
कार्यक्रम के दौरान डॉ. नवीन कुमार मरकाम, डॉ. पुष्पेंद्र सिंह पैकरा, डॉ. पुष्पराज दीवान एवं डॉ. होमेंद्र सिवाना का सतत मार्गदर्शन विद्यार्थियों को प्राप्त हो रहा है। विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में छात्र-छात्राएं व्यवहारिक ज्ञान के साथ-साथ आधुनिक कृषि संचार तकनीकों से भी रूबरू हो रहे हैं।
छात्रा बोली- किसानों तक तकनीक पहुंचाने में मिलेगा लाभ
छात्रा प्रीति सांगिले ने बताया कि इस प्रकार का व्यावहारिक प्रशिक्षण विद्यार्थियों को केवल शैक्षणिक ज्ञान तक सीमित नहीं रखता, बल्कि किसानों के साथ प्रभावी संवाद स्थापित करने, कृषि तकनीकों के प्रचार-प्रसार तथा नवाचार को बढ़ावा देने के लिए भी प्रेरित करता है। यह कार्यक्रम कृषि शिक्षा को रोजगारोन्मुखी, व्यावहारिक और समाजोपयोगी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
■ क्या-क्या सीख रहे कृषि महाविद्यालय के विद्यार्थी
- कृषि समाचार लेखन और प्रेस विज्ञप्ति तैयार करना
- सफलता की कहानियां और प्रचार सामग्री बनाना
- वीडियो निर्माण और वीडियो संपादन
- सोशल मीडिया के जरिए कृषि तकनीकों का प्रसार
- न्यूज़ एंकरिंग और मंच संचालन
- सार्वजनिक भाषण और समूह चर्चा
- साक्षात्कार लेने की तकनीक
- किसानों तक तकनीकी जानकारी पहुंचाने के आधुनिक तरीके
- वृक्षारोपण और पर्यावरण संरक्षण की गतिविधियां
“किताबों से आगे बढ़ रही कृषि शिक्षा”
नारायणपुर के लिंगो मुदियाल कृषि महाविद्यालय में छात्र-छात्राएं अब केवल खेती की तकनीक ही नहीं, बल्कि कृषि पत्रकारिता, वीडियो एडिटिंग, एंकरिंग और नेतृत्व कौशल भी सीख रहे हैं। यह पहल कृषि शिक्षा को आधुनिक, रोजगारोन्मुखी और किसानों के लिए अधिक उपयोगी बनाने की दिशा में नया मॉडल बनकर उभर रही है।
— कैलाश सोनी, नारायणपुर




