जामा मस्जिद के सामने लहराया तिरंगा, गूंजा अमन और भाईचारे का संदेश
जश्ने-ए-आजादी में मुस्लिम समाज की भागीदारी, हाजी अमीन मेमन ने किया ध्वजारोहण; बच्चों ने हाथों में तिरंगा थामकर दिखाया देशप्रेम

नारायणपुर। जश्ने-ए-आजादी के मौके पर अंजुमन इस्लामिया कमेटी नारायणपुर की ओर से जामा मस्जिद के सामने स्थित पुराने जमातखाने परिसर में गरिमामय ध्वजारोहण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में एचबीआरबी ग्रुप के हाजी अमीन मेमन मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने राष्ट्रध्वज फहराकर राष्ट्रीय पर्व की खुशियों में सहभागिता की।

तिरंगा फहराते ही परिसर देशभक्ति के जज्बे से सराबोर हो गया। उपस्थित लोगों ने सम्मान और अदब के साथ राष्ट्रगान में सहभागिता की। इसके बाद हिंदुस्तान की एकता, अखंडता और देशप्रेम की भावना के साथ ‘हिंदुस्तान जिंदाबाद’ के नारे गूंजे।

हाथों में तिरंगा, आंखों में देशप्रेम
कार्यक्रम में आम जमात के लोगों के साथ बड़ी संख्या में बच्चे भी शामिल हुए। हाथों में तिरंगा थामे बच्चों का उत्साह खास आकर्षण रहा। बुजुर्गों, युवाओं और बच्चों की एक साथ मौजूदगी ने राष्ट्रीय पर्व के माध्यम से नई पीढ़ी तक देशप्रेम, एकता और जिम्मेदारी का संदेश पहुंचाया।

विविधता और भाईचारा ही देश की ताकत
अंजुमन इस्लामिया कमेटी के सदर मोहम्मद इमरान खान ने कहा कि वतन से मोहब्बत और देश की तरक्की में सकारात्मक भूमिका निभाना हर नागरिक की जिम्मेदारी है। हिंदुस्तान की खूबसूरती उसकी विविधता, आपसी भाईचारे और गंगा-जमुनी तहजीब में है। इसे मजबूत बनाए रखना सभी का फर्ज है।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि इस्लाम अमन, इंसानियत, भाईचारे और वतन से मोहब्बत का संदेश देता है। राष्ट्रीय पर्व पर मुस्लिम समाज की यह सहभागिता देश की एकता और सामाजिक सद्भाव की भावना को मजबूत करती है। देश की तरक्की और खुशहाली में समाज के प्रत्येक वर्ग की बराबर भागीदारी है।
कमेटी के पदाधिकारी और समाजजन रहे मौजूद
इस अवसर पर मुतवल्ली अकबर भाई, नायब सदर मोहम्मद आरिफ, रियाज अख्तर, मोहम्मद रफीक, शेख महमूद, अकरम हुसैन, शेख तनवीर, अब्दुल रफीक कुरैशी, रहमत भाई, सैय्यद अख्तर अली, अब्दुल रहीम, शकील भाई, तस्लीम भाई, मोहम्मद इमामुद्दीन अंसारी, मोहम्मद मोहसिन, मुजीब भाई, मेहमूद भाई, जावेद मिर्जा, मोहम्मद कशीद सहित अंजुमन इस्लामिया कमेटी के पदाधिकारी, सदस्य, आम जमात के लोग और दर्जनों बच्चे मौजूद रहे।
कार्यक्रम के अंत में हिंदुस्तान की तरक्की, अमन, खुशहाली और आपसी भाईचारे के लिए दुआ की गई। ध्वजारोहण के माध्यम से अंजुमन इस्लामिया कमेटी ने देश की एकता-अखंडता के प्रति प्रतिबद्धता जताते हुए अमन, सद्भाव, भाईचारे और इंसानियत का संदेश दिया।



