कोटुमहर में सावन की हरियाली संग झूमीं महिलाएं
हरी साड़ियों में सजी महिला मोर्चा की कार्यकर्ताओं ने लगाए झूले, गीत-संगीत व नृत्य से सजी शाम; पारंपरिक व्यंजन और खेल रहे आकर्षण का केंद्र

नारायणपुर। सावन की हरियाली, प्रकृति की मनमोहक छटा और भारतीय संस्कृति के रंगों से बायोडायवर्सिटी कोटुमहर सराबोर नजर आया। भाजपा महिला मोर्चा जिला नारायणपुर की ओर से आयोजित सावन महोत्सव में महिला मोर्चा की पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता हरी साड़ियों में पारंपरिक अंदाज में पहुंचीं। प्रकृति की गोद में आयोजित इस कार्यक्रम में महिलाओं ने झूलों, गीत-संगीत, नृत्य, पारंपरिक व्यंजनों और मनोरंजक खेलों का आनंद लिया।

फूलों से सजाए गए आकर्षक झूलों पर महिलाओं ने सावन के गीतों के बीच झूला झूलकर उत्सव का आनंद लिया। गीत-संगीत और नृत्य की प्रस्तुतियों ने वातावरण में उल्लास भर दिया। वहीं विभिन्न मनोरंजक खेलों और पारंपरिक व्यंजनों ने आयोजन को और खास बना दिया। महिलाओं ने एक-दूसरे के साथ खुशियां बांटते हुए स्नेह, सौहार्द और आत्मीयता के साथ सावन पर्व मनाया।
संस्कृति और प्रकृति से जुड़ाव का पर्व
भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश उपाध्यक्ष रमशीला नाग ने कहा कि सावन हमारी संस्कृति, परंपरा और प्रकृति से आत्मीय जुड़ाव का पर्व है। इस तरह के आयोजन महिलाओं को एकजुट करने के साथ लोकपरंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को जीवंत रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
सहभागिता ने बढ़ाई आयोजन की रौनक
महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष संगीता जैन ने कहा कि सावन महोत्सव महिला मोर्चा की बहनों के लिए उमंग, उत्साह और आत्मीयता का पर्व है। हरी साड़ियों में सजी महिलाओं की उत्साहपूर्ण सहभागिता ने कोटुमहर की प्राकृतिक सुंदरता में भी चार चांद लगा दिए।
महिला शक्ति और संस्कृति का संगम
कार्यक्रम में जनपद पंचायत अध्यक्ष पिंकी उसेंडी, रानो पोटाई, प्रभा महंत, हीना नाग, दीपाली नाग, संतोषी कुमेटी, खुशबू जैन, वर्षा पांडेय, सीमा सुराना, प्रमिला मानिकपुरी, कविता पटेल और मनमति नाग सहित महिला मोर्चा की पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहीं।
सावन की हरियाली, हरी साड़ियों की छटा, फूलों से सजे झूले, लोकगीतों की मिठास और पारंपरिक व्यंजनों की खुशबू के बीच कोटुमहर का सावन महोत्सव महिला शक्ति, संस्कृति और प्रकृति के खूबसूरत संगम का यादगार आयोजन बन गया।




