मालिंगनार में गौवंश वध पर पुलिस का बड़ा एक्शन
बेनूर पुलिस ने 12 आरोपियों को रंगे हाथ दबोचा, मांस, खाल और धारदार हथियार जब्त; सभी न्यायिक रिमांड पर भेजे गए

नारायणपुर, 29 जून। जिले में गौवंश संरक्षण कानून के प्रभावी क्रियान्वयन के तहत थाना बेनूर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए ग्राम मालिंगनार पटेलपारा में कथित गौवंश वध के मामले में 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मौके से गौवंश का मांस, पका हुआ मांस, खाल, चार पैर, पूंछ के टुकड़े तथा वारदात में प्रयुक्त धारदार हथियार जब्त किए हैं। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।

पुलिस के अनुसार 27 जून 2026 को थाना बेनूर को सूचना मिली थी कि ग्राम मालिंगनार पटेलपारा में कुछ लोग गौवंश का वध कर रहे हैं। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे और घेराबंदी कर कार्रवाई की।
मौके से मांस और हथियार बरामद
पुलिस ने मौके पर 12 व्यक्तियों को गौवंश को काटते हुए पाया। तलाशी के दौरान घटनास्थल से गौवंश का मांस, पका हुआ मांस, गौवंश के चार पैर, पूंछ के टुकड़े, खाल, एक टंगिया तथा दो धारदार छुरियां बरामद कर जब्त की गईं। जब्त सामग्री को वैधानिक प्रक्रिया के तहत कब्जे में लेकर जांच शुरू की गई।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला
प्रारंभिक जांच में आरोपियों का कृत्य छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 की धारा 4, 5 एवं 10 के तहत दंडनीय पाए जाने पर थाना बेनूर में अपराध क्रमांक 08/2026 दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
12 आरोपी गिरफ्तार
प्रकरण में गिरफ्तार आरोपियों में मंगलूराम सलाम (32), सिद्दू सलाम (58), मनकूर वड्डे (40), सुखमन करंगा (45), रामसिंग सलाम (35), इतवारु राम करंगा (42), मंगिया सलाम (30), सोमारू सलाम (27), मंगेल सलाम (50), मनकू वड्डे (40), सोमजी सलाम (30) तथा सन्नू (22) शामिल हैं। सभी आरोपी ग्राम मालिंगनार पटेलपारा, थाना बेनूर, जिला नारायणपुर के निवासी हैं।
न्यायालय में पेश, भेजे गए जेल
पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
पुलिस की अपील
नारायणपुर पुलिस ने आम नागरिकों से गौवंश संरक्षण संबंधी कानूनों का पालन करने तथा इस प्रकार की किसी भी अवैध गतिविधि की सूचना तत्काल निकटतम थाना या पुलिस नियंत्रण कक्ष को देने की अपील की है, ताकि समय रहते प्रभावी वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।




