सुशासन एक्सप्रेस बनी गांव-गांव सरकार की चलती चौपाल, 32 हजार से अधिक आवेदन पहुंचे, 92% मामलों का मौके पर समाधान
आयुष्मान, आधार और निर्वाचन सेवाओं का सबसे अधिक लाभ, दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में घर-घर पहुंच रहीं शासकीय सुविधाएं

नारायणपुर। जिले के दूरस्थ गांवों तक शासकीय सेवाओं की आसान और त्वरित पहुंच सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन द्वारा संचालित सुशासन एक्सप्रेस अभियान लोगों के लिए राहत का बड़ा माध्यम बनकर उभरा है। कलेक्टर नम्रता जैन के निर्देशन में चल रहे इस अभियान के तहत 20 जुलाई 2026 तक 32,152 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 29,598 आवेदनों का निराकरण कर दिया गया है। करीब 92 प्रतिशत मामलों का समयबद्ध समाधान होने से ग्रामीणों का भरोसा प्रशासन पर और मजबूत हुआ है, जबकि शेष 1,500 आवेदन प्रक्रियाधीन हैं।
सुशासन एक्सप्रेस के माध्यम से प्रशासन गांव-गांव पहुंचकर नागरिकों को विभिन्न शासकीय योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ एक ही स्थान पर उपलब्ध करा रहा है। इससे लोगों को प्रमाण पत्र, पंजीयन और अन्य आवश्यक कार्यों के लिए कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ रहे हैं। दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों के ग्रामीणों को घर के समीप ही सरकारी सेवाएं मिलने से समय और आर्थिक खर्च दोनों की बचत हो रही है।
आयुष्मान कार्ड बनाने में सबसे अधिक उत्साह
अभियान के दौरान सबसे अधिक 5,163 आयुष्मान कार्ड बनाए गए। इसके अलावा 4,805 आधार कार्ड संबंधी सेवाएं, 3,901 निर्वाचन फॉर्म-6, 1,704 स्वास्थ्य सेवाएं, 1,079 जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र तथा 978 बैंक खाते से जुड़े मामलों का निराकरण किया गया।
इसी तरह 773 राशन कार्ड, 456 श्रम कार्ड, 421 मनरेगा जॉब कार्ड, 374 जाति प्रमाण पत्र, 282 प्रधानमंत्री सम्मान निधि, 258 पेंशन, 190 किसान कार्ड, 171 कृषि ई-केवाईसी तथा 143-143 आय एवं निवास प्रमाण पत्र के प्रकरणों का भी त्वरित समाधान किया गया।
परिवहन और कृषि सेवाओं का भी मिला लाभ
सुशासन एक्सप्रेस शिविरों में 59 लर्निंग लाइसेंस, 44 एचएसआरपी नंबर प्लेट, 20 किसान क्रेडिट कार्ड, 18 कृषि यंत्र, 22 ऋण पुस्तिका, 6 नवीन ऋण स्वीकृति तथा 7 दिव्यांगता सर्वेक्षण से जुड़े मामलों में भी नागरिकों को सेवाएं प्रदान की गईं।
दूरस्थ गांवों तक पहुंचा प्रशासन
जुलाई माह में सोनपुर, कुंदला, कोहकामेटा, गरपा, कन्हारगांव, ओरछा, छोटेडोंगर, नार, धौड़ाई, इस्तुरमेटा, सुलेगा और कच्चापाल सहित अनेक ग्रामों में सुशासन एक्सप्रेस शिविर लगाए गए। शिविरों में विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहकर मौके पर आवेदन प्राप्त कर उनका त्वरित निराकरण कर रहे हैं।
विश्वास बढ़ाने की दिशा में बड़ा कदम
जिला प्रशासन का उद्देश्य प्रत्येक पात्र नागरिक तक शासन की योजनाओं का लाभ समयबद्ध, पारदर्शी और सरल तरीके से पहुंचाना है। सुशासन एक्सप्रेस के माध्यम से विशेष रूप से अबूझमाड़ और अन्य दूरस्थ क्षेत्रों के लोगों को एक ही स्थान पर अनेक शासकीय सेवाएं मिल रही हैं। इससे न केवल लोगों की परेशानी कम हुई है, बल्कि शासन और जनता के बीच विश्वास का रिश्ता भी लगातार मजबूत हो रहा है।




