नारी शक्ति वंदन विधेयक पर भाजपा का हमला, विपक्ष पर साधा निशाना
महिला आयोग सदस्य दीपिका शोरी बोलीं—महिलाओं के साथ अन्याय का परिणाम विपक्ष को भुगतना पड़ेगा

नारायणपुर। नारी शक्ति वंदन (संशोधन) अधिनियम को लेकर भाजपा महिला मोर्चा द्वारा जिला कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला गया। मुख्य वक्ता के रूप में शामिल महिला आयोग की सदस्य दीपिका शोरी ने कांग्रेस सहित इण्डी गठबंधन के सहयोगी दलों पर महिलाओं के अधिकारों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि महिलाओं के साथ किए गए इस “महापाप” का परिणाम विपक्षी दलों को भुगतना पड़ेगा।
प्रेसवार्ता में शोरी ने कहा कि देश की आधी आबादी को राजनीतिक भागीदारी देने और लोकसभा व विधानसभाओं में 33 प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से केंद्र सरकार द्वारा यह विधेयक लाया गया था। उन्होंने बताया कि संसद के विशेष सत्र से पहले देशभर में इस अधिनियम को लेकर सकारात्मक माहौल और उत्साह था, लेकिन विपक्ष के विरोध के कारण यह उम्मीदें पूरी नहीं हो सकीं।
उन्होंने कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस, द्रमुक और समाजवादी पार्टी पर आरोप लगाते हुए कहा कि इन दलों के “महिला विरोधी रवैए” के कारण महिलाओं को उनका अधिकार मिलने से रोका गया। शोरी ने कहा कि 17 अप्रैल की तारीख महिलाओं के अधिकारों के खिलाफ एक “काला अध्याय” बन गई है।
दीपिका शोरी ने आगे कहा कि इतिहास गवाह है कि जब-जब महिलाओं के अधिकारों की बात आई, कांग्रेस ने विरोध का रास्ता अपनाया। शाहबानो प्रकरण और ट्रिपल तलाक जैसे मुद्दों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कांग्रेस पर महिलाओं के हितों के साथ समझौता करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण को लेकर दशकों से चली प्रक्रिया में भी कांग्रेस और उसके सहयोगी दल बाधक बने रहे।
उन्होंने आरोप लगाया कि जब यह विधेयक पारित नहीं हो सका, तब विपक्षी दलों ने संसद में जश्न मनाया, जो महिलाओं की भावनाओं का अपमान है। शोरी ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्ष के सभी सवालों का जवाब दिया और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी विधेयक का श्रेय विपक्ष को देने की बात कही, इसके बावजूद विपक्ष का रुख नकारात्मक रहा।
प्रेसवार्ता में भाजपा महिला मोर्चा की जिलाध्यक्ष संगीता जैन, मीडिया प्रभारी खुशबू जैन, मंडल अध्यक्ष दीपाली गोटा एवं महामंत्री रंजना ठाकुर सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।




