नारायणपुर

कोटुमहर पार्क में बालक उमावि का महिला दिवस समारोह, शिक्षिकाओं का हुआ सम्मान

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर शिक्षिकाओं व महिला कर्मचारियों को स्मृति-चिह्न भेंट कर किया सम्मानित, प्राचार्य ने बताया समाज और शिक्षा में महिलाओं की भूमिका अहम

नारायणपुर। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, नारायणपुर के तत्वावधान में कोटुमहर पार्क में गरिमामय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय की महिला शिक्षिकाओं एवं महिला कर्मचारियों का सम्मान कर महिला सशक्तिकरण का संदेश दिया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत महिला शिक्षिकाओं के पुष्पगुच्छ देकर स्वागत से हुई। इसके बाद सभी महिला शिक्षिकाओं व कर्मचारियों को स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उपस्थित शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ उनका अभिनंदन किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विद्यालय के प्राचार्य मनोज बागड़े ने कहा कि महिलाओं की सहभागिता के बिना समाज और शिक्षा का समुचित विकास संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि महिला शिक्षिकाएं अपने समर्पण, अनुशासन और परिश्रम से विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण के साथ-साथ उनके उज्ज्वल भविष्य की नींव तैयार करती हैं।

इस अवसर पर महिला शिक्षिकाओं एवं कर्मचारियों में श्वेता तिवारी, माया श्रीवास्तव, श्रद्धा कंडिक, रंगीता बारले, भावना नाग, वर्षारानी साहा, पद्मनी कंवर, कमलबती तथा सुनीता पात्र ने भी अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने महिला सशक्तिकरण, शिक्षा में महिलाओं की भूमिका तथा समाज में महिलाओं के बढ़ते योगदान पर प्रकाश डाला और इस आयोजन के लिए प्राचार्य एवं विद्यालय परिवार का आभार व्यक्त किया।

इसके पश्चात शिक्षकगण पी.एन. भुआर्य, एच.एल. भुआर्य, लखन साहू, सुनील सोनकेंवरे, दिनेश साहू, पवन देवांगन, प्रवीण प्रधान, यशवंत पटेल तथा पुष्कर नायक ने भी महिला दिवस के महत्व पर अपने विचार साझा किए।

कार्यक्रम का वातावरण पूरे समय उत्साहपूर्ण और प्रेरणादायक बना रहा। अंत में केक काटकर सभी ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की खुशियां साझा कीं और समारोह का समापन किया गया।

अबूझमाड़ लाइव न्यूज़

अबूझमाड़ लाइव न्यूज़ पक्ष पर विपक्ष पर हर एक पक्ष पर निष्पक्ष बेबाक एवं धारदार पत्रकारिता के लिए संकल्पित है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

You cannot copy content of this page