उच्च शिक्षा विस्तार की दिशा में बड़ा कदम: रामकृष्ण मिशन आश्रम में नए कॉलेज के लिए निरीक्षण

नारायणपुर, 08 फरवरी 2026। नारायणपुर जिले में उच्च शिक्षा के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत उच्च शिक्षा आयुक्त डॉ. संतोष देवांगन का जिले में आगमन हुआ। उनके आगमन पर अग्रणी महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. एस. आर. कुंजाम तथा वरिष्ठ प्राध्यापक भगवान दास चांडक एवं राजेंद्र कुमार यादव ने पुष्पगुच्छ भेंट कर आत्मीय स्वागत किया।

आयुक्त डॉ. देवांगन ने जिले के महाविद्यालयों की उपलब्धियों और चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति–2020 के अंतर्गत संचालित शैक्षणिक सुधारों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर अद्यतन रहना समय की मांग है। जीवनभर सीखने की प्रक्रिया चलती रहती है और जो व्यक्ति समय के साथ अपने ज्ञान एवं कौशल को अपडेट करता है, वही सफलता की ऊंचाइयों तक पहुंच पाता है।
इस अवसर पर रामकृष्ण मिशन आश्रम, नारायणपुर में आगामी शैक्षणिक सत्र 2026–27 से नए महाविद्यालय की स्थापना के लिए चिन्हित स्थलों एवं मूलभूत आवश्यकताओं का निरीक्षण किया गया। आयुक्त ने प्रस्तावित स्थल पर उपलब्ध आधारभूत संरचना, भूमि की उपलब्धता, शैक्षणिक वातावरण सहित विभिन्न बिंदुओं पर गहन मूल्यांकन किया। निरीक्षण के दौरान संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए, ताकि निर्धारित मानकों के अनुरूप प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सके।
उच्च शिक्षा आयुक्त ने कहा कि राज्य सरकार की मंशा है कि बस्तर अंचल के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा के लिए बड़े शहरों की ओर पलायन न करना पड़े। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय भी चाहते हैं कि बस्तर में ही छात्रों को बेहतर शैक्षणिक अवसर मिलें और वे यहीं से कौशल अर्जन कर रोजगार की ओर अग्रसर हों।
जिले में नए महाविद्यालय की स्थापना से विद्यार्थियों को विविध पाठ्यक्रमों में प्रवेश के अधिक अवसर मिलेंगे, साथ ही शैक्षणिक प्रतिस्पर्धा का स्तर भी बढ़ेगा। इससे क्षेत्र में उच्च शिक्षा की पहुंच सुदृढ़ होगी और युवाओं के भविष्य को नई दिशा मिलेगी।
निरीक्षण के दौरान रामकृष्ण मिशन आश्रम, नारायणपुर के सचिव स्वामी व्याप्तानंद महाराज सहित आश्रम के अन्य कर्मचारी भी उपस्थित रहे। उच्च शिक्षा विभाग का यह प्रयास नारायणपुर जिले में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के विस्तार की दिशा में एक अहम और दूरगामी कदम माना जा रहा है।




