लिंगो मुदियाल कृषि महाविद्यालय में साइबर क्राइम पर जागरूकता कार्यशाला

नारायणपुर। डिजिटल युग में बढ़ते साइबर अपराधों के प्रति विद्यार्थियों को सतर्क और जागरूक बनाने के उद्देश्य से लिंगो मुदियाल कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र, केरलापाल, नारायणपुर में पुलिस प्रशासन के सहयोग से एक दिवसीय साइबर क्राइम जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का आयोजन महाविद्यालय की अधिष्ठाता एवं कार्यक्रम अधिकारी डॉ. रत्ना नशीने के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।

साइबर अपराधों की विस्तृत जानकारी दी
कार्यशाला के मुख्य अतिथि थाना प्रभारी भरण्डा सब इंस्पेक्टर शिव कुमार साहू रहे। विशेष अतिथियों के रूप में साइबर प्रभारी कमलेश साहू, विविध सलाहकार रीना बघेल, प्रधान आरक्षक कुजुर, कन्हैया दुग्गा एवं प्रतिमा कतलाम उपस्थित रहे।
पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों को साइबर अपराधों के विभिन्न स्वरूपों की जानकारी देते हुए ऑनलाइन ठगी, डिजिटल अरेस्ट, फर्जी कॉल, ओटीपी फ्रॉड, नेट बैंकिंग एवं यूपीआई से होने वाली धोखाधड़ी के तरीकों पर विस्तार से प्रकाश डाला। साथ ही सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग, महिला सुरक्षा एवं लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम (पॉक्सो एक्ट) 2012 की भी जानकारी दी गई।
जागरूकता और सतर्कता पर दिया जोर
अधिकारियों ने बताया कि वर्तमान समय में डिजिटल माध्यमों के बढ़ते उपयोग के साथ साइबर अपराधों की घटनाएं भी बढ़ रही हैं। थोड़ी सी लापरवाही गंभीर नुकसान का कारण बन सकती है, इसलिए सतर्कता, जागरूकता और जिम्मेदार डिजिटल व्यवहार बेहद आवश्यक है।
उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि किसी भी संदिग्ध कॉल, लिंक या संदेश से सावधान रहें और किसी भी प्रकार की साइबर धोखाधड़ी की स्थिति में तत्काल पुलिस या साइबर हेल्पलाइन में शिकायत दर्ज कराएं।
संवादात्मक सत्र में छात्रों ने पूछे प्रश्न
कार्यशाला के दौरान संवादात्मक सत्र का भी आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने साइबर अपराधों से जुड़े अपने सवाल रखे। पुलिस अधिकारियों ने सरल और सहज भाषा में सभी जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए व्यवहारिक सुरक्षा उपाय बताए, जिससे छात्र अपने दैनिक जीवन में साइबर अपराधों से सुरक्षित रह सकें।
जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में पहल
इस अवसर पर सह-प्राध्यापक डॉ. देवेंद्र कुर्रे ने पुलिस प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार की कार्यशालाएं विद्यार्थियों को न केवल साइबर अपराधों से सुरक्षित बनाती हैं, बल्कि उन्हें जागरूक और जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए भी प्रेरित करती हैं।
बड़ी संख्या में छात्र रहे उपस्थित
कार्यशाला में महाविद्यालय के सह-प्राध्यापक डॉ. नवीन मरकाम, डॉ. देवेंद्र कर्रे, डॉ. मदन लाल कुर्रे, डॉ. सविता आदित्य, डॉ. विवेक विश्वकर्मा, राज सेंगर सहित बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।
कार्यशाला विद्यार्थियों के लिए ज्ञानवर्धक, उपयोगी एवं प्रेरणादायक सिद्ध हुई।




