कड़ेमेटा कैंप में सीआरपीएफ का सिविक एक्शन कार्यक्रम, स्वास्थ्य जांच शिविर में सैकड़ों ग्रामीणों को मिला लाभ
दैनिक उपयोग की सामग्री का वितरण, सुरक्षा बलों और ग्रामीणों के बीच बढ़ा भरोसा

कड़ेमेटा/नारायणपुर। दुर्गम और संवेदनशील क्षेत्रों में जनकल्याण को प्राथमिकता देते हुए केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की 195वीं बटालियन द्वारा जिला नारायणपुर अंतर्गत पुलिस थाना छोटा डोंगर क्षेत्र के कड़ेमेटा कैंप में सिविक एक्शन कार्यक्रम एवं स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीणों के स्वास्थ्य, शिक्षा और जीवन स्तर में सुधार के साथ-साथ सुरक्षा बलों और स्थानीय नागरिकों के बीच आपसी विश्वास को मजबूत करना रहा।

कड़ेमेटा कैंप में आयोजित इस कार्यक्रम में सीआरपीएफ की 195वीं बटालियन की अल्फा कंपनी की सक्रिय भूमिका रही। उल्लेखनीय है कि 195वीं बटालियन का मुख्यालय दंतेवाड़ा–बारसूर में स्थित है। कार्यक्रम का आयोजन बटालियन कमांडेंट अनिल कुमार सिंह, द्वितीय कमान अधिकारी विक्रांत वर्मा एवं सहायक कमांडेंट सुनील कुमार यादव के नेतृत्व में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
स्वास्थ्य जांच शिविर में दी गई निःशुल्क दवाइयाँ
कार्यक्रम के अंतर्गत ग्रामीणों के लिए एक स्वास्थ्य जांच शिविर भी आयोजित किया गया। यह शिविर उप कमांडेंट (एसएमओ) वागीश त्रिपाठी के पर्यवेक्षण में संचालित हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों की स्वास्थ्य जांच की गई। शिविर में सामान्य बीमारियों की जांच के साथ-साथ ग्रामीणों को आवश्यक दवाइयाँ निःशुल्क उपलब्ध कराई गईं।
ग्रामीणों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि सुदूर क्षेत्रों में इस प्रकार की स्वास्थ्य सुविधाएँ मिलना उनके लिए बेहद राहतकारी है।
पाँच गांवों के ग्रामीणों ने लिया लाभ
सिविक एक्शन कार्यक्रम में कड़ेमेटा, तोयमेटा, छोटा बुर्गुम, बेचहा एवं तुस्वाल गांवों के बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। कार्यक्रम स्थल पर महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही। ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक कार्यक्रम में भाग लिया और सीआरपीएफ द्वारा किए जा रहे जनकल्याणकारी प्रयासों की सराहना की।
आवश्यक सामग्री का किया गया वितरण
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों को दैनिक जीवन में उपयोगी कई आवश्यक सामग्री वितरित की गई। महिलाओं के लिए साड़ियाँ, बच्चों के लिए स्कूल किट, खेलों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से क्रिकेट, बैडमिंटन एवं वॉलीबॉल किट, ठंड से बचाव हेतु कंबल, जल संरक्षण के लिए सिंटेक्स टंकी, इसके अलावा चप्पलें एवं अन्य घरेलू उपयोग की सामग्री भी प्रदान की गई।
सामग्री वितरण से ग्रामीणों में खासा उत्साह देखा गया, विशेषकर बच्चों में खेल किट और स्कूल किट को लेकर खुशी नजर आई।
बच्चों को शिक्षा और खेल के लिए प्रोत्साहन
सीआरपीएफ अधिकारियों ने बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय जाने, पढ़ाई में रुचि लेने और खेलकूद के माध्यम से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया। अधिकारियों ने कहा कि शिक्षा और खेल बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक हैं और सुरक्षा बल हमेशा ग्रामीण बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए सहयोग करते रहेंगे।
विश्वास और सहयोग को मजबूत करने की पहल
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों के साथ विश्वास और सहयोग के संबंधों को सुदृढ़ करना रहा। अधिकारियों ने ग्रामीणों से संवाद करते हुए उनकी समस्याएँ सुनीं और हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।
सीआरपीएफ अधिकारियों ने कहा कि सिविक एक्शन कार्यक्रम केवल सहायता का माध्यम नहीं, बल्कि ग्रामीणों के साथ सुरक्षा बलों के आत्मीय संबंधों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
ग्रामीणों ने जताया आभार
कार्यक्रम के समापन पर ग्रामीणों ने सीआरपीएफ के इस प्रयास के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से न केवल उनकी बुनियादी जरूरतें पूरी होती हैं, बल्कि सुरक्षा बलों के प्रति विश्वास भी बढ़ता है।
कड़ेमेटा कैंप में आयोजित यह सिविक एक्शन कार्यक्रम एक बार फिर यह संदेश देता है कि सुरक्षा के साथ-साथ सेवा और संवेदनशीलता भी केंद्रीय सुरक्षा बलों की कार्यशैली का अहम हिस्सा है।




